अयोध्या : अयोध्या स्थित राम मंदिर में कथित चढ़ावा गबन मामले को लेकर भाजपा नेता और बजरंग दल के संस्थापक विनय कटियार के बयान से राजनीतिक हलचल तेज हो गई है। उन्होंने आरोप लगाया कि चढ़ावे की राशि में गड़बड़ी हुई है और मामले पर उनकी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से बातचीत भी हुई। कटियार के अनुसार, उन्होंने पीएम को स्थिति से अवगत कराया, जिस पर प्रधानमंत्री ने आगे की कार्रवाई के बारे में पूछा। उन्होंने कहा कि जांच के निष्कर्षों के आधार पर चंपत राय, गोपाल राव और अनिल मिश्रा के खिलाफ कानूनी कार्रवाई हो सकती है।
उधर, मामले की जांच कर रही एसआईटी ने अपनी कार्रवाई तेज कर दी है। शुक्रवार को टीम राम जन्मभूमि परिसर पहुंची और जांच के सिलसिले में बैंक कर्मचारियों से भी बंद कमरे में पूछताछ की। जांच एजेंसी वित्तीय लेनदेन, बैंक रिकॉर्ड और अन्य दस्तावेजों की बारीकी से जांच कर रही है। अधिकारियों का कहना है कि साक्ष्यों और पूछताछ के आधार पर आगे की कार्रवाई तय की जाएगी।
इससे पहले गुरुवार को एसआईटी ने ट्रस्ट के प्रमुख पदाधिकारियों चंपत राय, अनिल मिश्रा और गोपाल राव से करीब चार घंटे तक पूछताछ की थी। टीम ने चढ़ावे के ऑडिट से जुड़े दस्तावेज अपने कब्जे में लिए और कई अहम सवाल किए। सूत्रों के मुताबिक, कुछ सवालों के संतोषजनक जवाब नहीं मिलने के कारण जांच का दायरा आगे और बढ़ाया जा सकता है। वहीं, पुलिस की आपराधिक जांच भी समानांतर रूप से जारी है, जिससे संबंधित लोगों पर जांच एजेंसियों की निगरानी और सख्त हो गई है।
